कैंसर के उन्नत चरणों में आधुनिक उपचार तकनीकें मरीजों के लिए नई उम्मीद लेकर आ रही हैं। पटना स्थित बुद्धा कैंसर सेंटर में स्टेज-4 मैलिग्नेंट रेक्टल मेलानोमा से पीड़ित 24 वर्षीय विनय कुमार के सफल उपचार की कहानी इसका एक उदाहरण है। इस उपचार की खबर दैनिक जागरण iNext में प्रकाशित हुई, जिसमें इम्यूनोथेरेपी और आधुनिक कैंसर उपचार के महत्व को प्रमुखता से बताया गया है।
दानापुर निवासी विनय कुमार एक दुर्लभ और आक्रामक कैंसर से पीड़ित थे, जो लिवर सहित शरीर के अन्य हिस्सों तक फैल चुका था। बीमारी की गंभीर स्थिति के बावजूद बुद्धा कैंसर सेंटर पटना में उनका उपचार नवीनतम अंतरराष्ट्रीय उपचार प्रोटोकॉल के अनुसार किया गया। उपचार में इम्यूनोथेरेपी सहित आधुनिक कैंसर उपचार का उपयोग किया गया।
इस उपचार का नेतृत्व बुद्धा कैंसर सेंटर के निदेशक एवं वरिष्ठ मेडिकल ऑन्कोलॉजिस्ट डॉ. अरविंद कुमार ने किया। समाचार रिपोर्ट के अनुसार, लगभग आठ महीने तक उपचार के बाद विनय की जांच रिपोर्ट सामान्य आईं और उन्हें कैंसर-मुक्त बताया गया। वर्तमान में वे स्वस्थ हैं और सामान्य जीवन व्यतीत कर रहे हैं।
यह मामला यह भी दर्शाता है कि कैंसर के उन्नत चरण में भी मरीजों के लिए उपचार के विकल्प मौजूद हो सकते हैं। हालांकि, हर मरीज की बीमारी, कैंसर का प्रकार, स्टेज, बायोमार्कर और सामान्य स्वास्थ्य अलग होता है। इसलिए उपचार का निर्णय विशेषज्ञ मेडिकल ऑन्कोलॉजिस्ट द्वारा आवश्यक जांच और मरीज की व्यक्तिगत स्थिति के आधार पर किया जाना चाहिए।
इस सफल उपचार का एक महत्वपूर्ण पहलू आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के माध्यम से मरीज को उपचार उपलब्ध होना भी रहा। डॉ. अरविंद कुमार के अनुसार, ऐसी सरकारी योजनाएं आर्थिक रूप से कमजोर और जरूरतमंद कैंसर मरीजों को गुणवत्तापूर्ण एवं आधुनिक उपचार उपलब्ध कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं।
दैनिक जागरण iNext में प्रकाशित यह खबर न केवल बुद्धा कैंसर सेंटर में उपलब्ध आधुनिक कैंसर उपचार की जानकारी देती है, बल्कि मरीजों और उनके परिवारों के लिए यह संदेश भी देती है कि उन्नत कैंसर में भी विशेषज्ञ परामर्श लेकर उपलब्ध उपचार विकल्पों के बारे में जानकारी लेना जरूरी है।